सहरसा में भारतीय राष्ट्रीय युवा कांग्रेस के ‘छात्रों की गूंज’ अभियान के तहत मंगलवार को एक बैठक एवं प्रेस वार्ता आयोजित की गई। कार्यक्रम में नेताओं ने देश में प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार हो रही अनियमितताओं, पेपर लीक और भर्ती प्रक्रियाओं में देरी को लेकर केंद्र सरकार पर सवाल उठाए तथा परीक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार की मांग की।
पूर्व राष्ट्रीय युवा कांग्रेस अध्यक्ष केशव चन्द्र यादव ने कहा कि देश का युवा आज परीक्षा अनियमितताओं और पेपर लीक के गंभीर संकट से जूझ रहा है। उन्होंने NEET और UGC-NET जैसी परीक्षाओं में सामने आई गड़बड़ियों को करोड़ों छात्रों के भविष्य के लिए खतरा बताया। उन्होंने राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए इसे भंग कर एक स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी परीक्षा प्रणाली लागू करने की मांग की।
वहीं छत्तीसगढ़ के विधायक राघवेंद्र प्रताप सिंह ने सरकारी शिक्षण संस्थानों में शिक्षकों की कमी और बदहाल शिक्षा व्यवस्था पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रियाओं में अत्यधिक देरी से युवाओं के महत्वपूर्ण वर्ष बर्बाद हो रहे हैं। सरकार को सभी सरकारी भर्तियों के लिए बाध्यकारी वार्षिक कैलेंडर जारी करना चाहिए, ताकि परीक्षाएं और नियुक्तियां समय पर पूरी हो सकें।
बैठक में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एनएसयूआई कैशर कुमार सिंह, जिलाध्यक्ष मुकेश कुमार झा, वरीय उपाध्यक्ष कुमार हीरा प्रभाकर, प्रदेश महासचिव रंजन यादव, प्रदेश प्रतिनिधि मो. मजनू हैदर कैश सहित बड़ी संख्या में युवा कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि ‘छात्रों की गूंज’ अभियान के माध्यम से छात्रों की आवाज़ को मजबूती से उठाया जाएगा और निष्पक्ष, पारदर्शी तथा समयबद्ध परीक्षा एवं भर्ती व्यवस्था की मांग को लेकर आंदोलन जारी रहेगा।





