सहरसा। सदर थाना क्षेत्र के ठुठ्ठी मुसहरी में अवैध देसी शराब के कारोबार को लेकर स्थानीय लोगों ने गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि राजवाड़ा-सिमराहा की ओर से प्रतिदिन शाम के समय देसी शराब की खेप इलाके में पहुंचती है और कथित तौर पर खुलेआम बिक्री की जाती है। ग्रामीणों ने कहा कि शराब के अवैध कारोबार का असर युवाओं पर भी पड़ रहा है।
स्थानीय निवासी रूना देवी ने आरोप लगाया कि ग्रामीणों द्वारा कई बार शराब की खेप पकड़कर पुलिस को सौंपा गया, लेकिन कथित रूप से पैसे लेकर आरोपियों को छोड़ दिया गया। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर पुलिस और शराब कारोबारियों के बीच कथित मिलीभगत की सच्चाई सामने लाने की मांग की।
इधर, वार्ड संख्या 21 के पार्षद बिट्टू यादव ने बताया कि 15 अगस्त के कार्यक्रम को लेकर महादलित टोला में सफाई कराने नगर निगम के कर्मी पहुंचे थे। इसी दौरान कुछ नशे में धुत लोगों ने सफाई कर्मियों के साथ कथित तौर पर मारपीट कर दी। घटना के बाद घायल सफाई कर्मियों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया।
पार्षद ने भी आरोप लगाया कि इलाके में कई घरों से देसी शराब की बिक्री की जाती है और पूर्व में भी इसको लेकर पुलिस कार्रवाई कर चुकी है। स्थानीय लोगों ने अवैध शराब के कारोबार पर प्रभावी रोक लगाने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
मामले में प्रभारी एसडीपीओ ओम प्रकाश कुमार ने कहा कि मामला संज्ञान में आया है। इसकी जांच कराई जाएगी और दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।





