सहरसा। 70वीं बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) परीक्षा के परिणाम में सहरसा जिले के नौ प्रतिभाशाली युवाओं ने सफलता हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है। इनमें बनगांव निवासी केशव कुमार की सफलता संघर्ष, मेहनत और पारिवारिक संस्कार की प्रेरणादायक कहानी बनकर सामने आई है।
केशव कुमार के दादाजी पेशे से शिक्षक थे। उन्होंने बचपन से ही केशव के भीतर शिक्षा के प्रति रुचि, अनुशासन और मेहनत की भावना विकसित की। मैट्रिक तक की पढ़ाई केशव ने अपने दादाजी के मार्गदर्शन में पूरी की। बेहतर शिक्षा के लिए दादाजी ने ही उनका नामांकन पटना में कराया, ताकि वे अपने सपनों को नई उड़ान दे सकें।
दादाजी के निधन के बाद परिवार की जिम्मेदारी पूरी तरह उनके पिता के कंधों पर आ गई। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने गांव में आटा चक्की चलाकर परिवार का भरण-पोषण किया और बेटे की पढ़ाई में कभी कोई बाधा नहीं आने दी। पिता के त्याग, परिवार के सहयोग और केशव की कड़ी मेहनत का परिणाम आज 70वीं BPSC परीक्षा में मिली शानदार सफलता के रूप में सामने आया है।
केशव के पिता ने बेटे की सफलता पर खुशी जाहिर करते हुए कहा कि उन्हें अपने पुत्र पर गर्व है। उन्होंने उम्मीद जताई कि केशव आगे भी ईमानदारी, समर्पण और निष्ठा के साथ समाज एवं राज्य की सेवा करेंगे तथा परिवार और जिले का नाम रोशन करते रहेंगे।
वहीं, वर्तमान में पटना में रह रहे केशव कुमार ने अपनी सफलता का श्रेय परिवार, शिक्षकों और निरंतर मेहनत को दिया। उन्होंने युवाओं को संदेश देते हुए कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। लगातार पढ़ाई, खुद को अपडेट रखना और लक्ष्य के प्रति समर्पित रहना ही सफलता की सबसे बड़ी सीढ़ी है। उन्होंने कहा कि कठिन परिश्रम और धैर्य के बल पर किसी भी मंजिल को हासिल किया जा सकता है।
केशव कुमार की इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल है और लोग उन्हें बधाई देकर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना कर रहे हैं।





